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India-Algeria Defense: नई दिल्ली में रक्षा सहयोग को मजबूत किया
07 May 2026
India-Algeria Defense: भारत और अल्जीरिया के बीच 05 मई, 2026 को नई दिल्ली में पहली संयुक्त आयोग बैठक संपन्न हुई। इस बैठक का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में सहयोग को मजबूत करना और आपसी हित के क्षेत्रों में ठोस कदम उठाना था। बैठक में प्रशिक्षण, सैन्य अभ्यास, चिकित्सा सेवाओं और रक्षा उद्योगों में सहयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई, जिससे भारत-अल्जीरिया रक्षा मजबूत होगी।
बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने भारत-अल्जीरिया रक्षा सहयोग की गतिविधियों के विस्तार पर सहमति जताई और इसके कार्यान्वयन के लिए ‘कार्यविधि के नियमों’ (प्रक्रिया के नियम) पर हस्ताक्षर किए। यह दस्तावेज़ संयुक्त आयोग की भविष्य की बैठकों के लिए मार्गदर्शक रूपरेखा के रूप में काम करेगा।
भारत-अल्जीरिया रक्षा, बैठक में शामिल वरिष्ठ प्रतिनिधि
India-Algeria Defense: बैठक की सह-अध्यक्षता भारतीय पक्ष से संयुक्त सचिव (अंतर्राष्ट्रीय सहयोग) श्री अमिताभ प्रसाद और अल्जीरियाई नौसेना बलों के चीफ ऑफ स्टाफ, मेजर जनरल कैड नूर एडिन ने की। भारतीय प्रतिनिधिमंडल में तीनों सेनाओं के अधिकारी, एकीकृत रक्षा स्टाफ मुख्यालय (HQ IDS), रक्षा उत्पादन विभाग, DRDO, सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं और विदेश मंत्रालय के अधिकारी शामिल थे, जिससे भारत-अल्जीरिया रक्षा साझेदारी और भी मजबूती पाएगी।
अल्जीरियाई प्रतिनिधिमंडल ने भी अपने वरिष्ठ अधिकारियों और रक्षा उद्योगों के प्रतिनिधियों के साथ कई द्विपक्षीय वार्तालाप किए। इस पहल का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रणनीतिक और तकनीकी सहयोग को और सुदृढ़ करना था।
प्रमुख चर्चा विषय और सहयोग क्षेत्र
India-Algeria Defense: बैठक में प्रशिक्षण और सैन्य अभ्यास को प्रमुख रूप से उठाया गया। दोनों पक्षों ने यह तय किया कि भविष्य में नियमित सैन्य प्रशिक्षण कार्यक्रम और संयुक्त अभ्यास आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा, चिकित्सा सहयोग के तहत सैनिकों और रक्षा कर्मियों के लिए उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाओं और आपातकालीन चिकित्सा सहायता पर भी चर्चा हुई, जिससे भारत-अल्जीरिया रक्षा सहयोग और अधिक मजबूत और रणनीतिक होगा।
रक्षा उद्योगों में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए दोनों देशों ने तकनीकी विनिमय और उत्पादन में साझेदारी के अवसरों की पहचान की। इससे भारत और अल्जीरिया के रक्षा क्षेत्र में नवाचार और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलेगा।
भारत-अल्जीरिया रक्षा संबंधों में मजबूती
Joint Commission Meeting: 2024 में दोनों देशों के बीच रक्षा समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर के बाद से भारत-अल्जीरिया रक्षा संबंधों में तेजी आई है। इस बैठक को इस प्रगति का एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है। मेजर जनरल कैड नूर एडिन की भारत यात्रा ने दोनों देशों की प्रतिबद्धता को और मजबूत किया है कि वे आपसी हित के क्षेत्रों में मिलकर काम करेंगे।
बैठक के महत्व को समझाते हुए भारतीय अधिकारियों ने कहा कि यह पहल केवल द्विपक्षीय सहयोग तक सीमित नहीं है, बल्कि क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता के लिए भी अहम कदम है।
राष्ट्रीय युद्ध स्मारक में श्रद्धांजलि
Defence Cooperation Talks: बैठक से पहले मेजर जनरल कैड नूर एडिन ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर दोनों देशों ने शहीदों के योगदान को याद किया और भविष्य में रक्षा सहयोग को शांति और सुरक्षा के सिद्धांतों के आधार पर आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
अल्जीरियाई प्रतिनिधिमंडल ने बैठक के दौरान रक्षा उद्योगों के प्रमुखों के साथ भी बातचीत की, जिससे दोनों देशों के बीच तकनीकी और औद्योगिक सहयोग के नए रास्ते खुल सकते हैं।
भविष्य की राह और रणनीतिक महत्व
भारत और अल्जीरिया दोनों ही क्षेत्रीय सुरक्षा और वैश्विक रणनीतिक स्थिरता को ध्यान में रखते हुए इस सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। ‘कार्यविधि के नियमों’ पर हस्ताक्षर से यह सुनिश्चित होगा कि संयुक्त आयोग की भविष्य की बैठकें योजनाबद्ध और प्रभावी रूप से आयोजित हों।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल भारत और अल्जीरिया के रक्षा सहयोग को नई रफ्तार देगी और दोनों देशों के बीच तकनीकी, औद्योगिक और सैन्य स्तर पर साझेदारी को मजबूत बनाएगी।
नई दिल्ली में आयोजित पहली संयुक्त आयोग बैठक ने भारत-अल्जीरिया रक्षा सहयोग को एक नई दिशा दी है। प्रशिक्षण, सैन्य अभ्यास, चिकित्सा और रक्षा उद्योगों में सहयोग के जरिए दोनों देशों ने अपने रणनीतिक संबंधों को मजबूत किया। भविष्य में यह सहयोग केवल द्विपक्षीय हित तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा में भी योगदान देगा।
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