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Mangalam election result 2026: परिणाम और प्रमुख अपडेट

 04 May 2026

Mangalam election resultपुडुचेरी की मंगलम विधानसभा सीट इस बार राजनीतिक हलकों में काफी चर्चा में रही है। मुख्यमंत्री एन रंगास्वामी ने अपनी राजनीतिक रणनीति के तहत दो सीटों से चुनाव लड़ा, मंगलम और उनकी परंपरागत सीट थट्टांचवडी। मंगलम चुनाव परिणाम को लेकर सभी की नजरें टिकी हुई हैं, क्योंकि चुनाव नतीजों की निगाहें आज पूरी तरह रंगास्वामी पर हैं, और जनता के फैसले से ही साफ होगा कि क्या उनका यह दोहरा दांव सफल होता है।


Mangalam election result, दो सीटों पर चुनौती 

Mangalam election resultमुख्यमंत्री एन रंगास्वामी ने इस बार अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए थट्टांचवडी के साथ मंगलम सीट पर भी चुनावी मैदान में कूदे। थट्टांचवडी उनकी पारंपरिक सीट मानी जाती है, जबकि मंगलम उनके लिए नया राजनीतिक क्षेत्र है। 9 अप्रैल 2026 को दोनों जगहों पर मतदान हुआ, और अब मंगलम चुनाव परिणाम सामने आने वाला है, जिससे जनता का फैसला स्पष्ट होगा।

इस चुनाव में मुख्य मुकाबला रंगास्वामी और DMK के उम्मीदवार एसएस रंजन के बीच रहा। मंगलम को लेकर दोनों पार्टियों की उम्मीदें खासा ऊँचा हैं, क्योंकि यह सीट हमेशा से राजनीतिक मोर्चों पर रोमांचक रही है।

मंगलम विधानसभा सीट का चुनावी इतिहास 

Mangalam election resultमंगलम सीट की राजनीतिक पृष्ठभूमि में कई उतार-चढ़ाव देखे गए हैं। 2011 में कांग्रेस के C. Djeacoumar ने इस सीट पर कब्जा जमाया। इसके बाद यह सीट ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस (AINRC) के पास चली गई। 2016 और 2021 में AINRC ने फिर से यहां जीत दर्ज की, और अब सभी की नजरें मंगलम चुनाव परिणाम पर टिकी हैं।

2016: AINRC के SV Sugumaran ने DMK के S. Kumaravel को करीब 5,563 वोटों से हराया। Sugumaran को कुल 13,955 वोट मिले, जबकि Kumaravel केवल 8,392 वोटों पर संतुष्ट रहे। इस चुनाव में Sugumaran का वोट शेयर 44.61% था।

2021: C. Djeacoumar ने DMK के Sun. Kumaravel को 2,751 वोटों से मात दी। Djeacoumar को कुल 16,972 वोट मिले और Kumaravel दूसरे स्थान पर रहे, जिनके वोट 14,221 रहे। Djeacoumar को 50.89% वोटिंग शेयर हासिल हुआ।

इस तरह, मंगलम विधानसभा सीट हमेशा से AINRC और DMK के बीच कड़ी टक्कर का मैदान रही है।

मंगलम का सांस्कृतिक और धार्मिक महत्व 

Puducherry assembly electionमंगलम केवल राजनीतिक दृष्टि से ही नहीं बल्कि सांस्कृतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण स्थान है। यह पुडुचेरी के 105 पवित्र उपवनों में से एक माना जाता है। यहाँ की हरियाली और छोटे-छोटे जंगल लंबे समय से संरक्षित हैं और स्थानीय लोग इन्हें भगवान का निवास मानते हैं।

मंगलम का सबसे खास मंदिर श्री मिलागु मुथु अय्यनारप्पन मंदिर है, जहाँ ‘अय्यनार’ भगवान की पूजा होती है। यह मंदिर गांव की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान का केंद्र है। चुनावी हलचल के बीच यह धार्मिक विरासत हमेशा लोगों के दिलों में विशेष स्थान बनाए रखती है।

रंगास्वामी की राजनीतिक रणनीति 

AINRC DMK contestमुख्यमंत्री एन रंगास्वामी की रणनीति इस बार कुछ अलग थी। उन्होंने अपनी नई सीट मंगलम पर भी चुनाव लड़कर राजनीतिक साहस दिखाया। थट्टांचवडी उनकी सुरक्षित सीट मानी जाती है, जबकि मंगलम में जीत दर्ज करना उनके लिए नए राजनीतिक दबदबे को साबित करने जैसा है।

विश्लेषकों का कहना है कि दो सीटों से चुनाव लड़ना जोखिम भरा हो सकता है, लेकिन अगर रंगास्वामी दोनों सीटें जीत जाते हैं, तो यह उनकी राजनीतिक पकड़ और लोकप्रियता का प्रत्यक्ष प्रमाण होगा।

आखिरी शब्द 

मंगलम विधानसभा सीट हमेशा से ही राजनीतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रही है। इस बार मुख्यमंत्री एन रंगास्वामी ने दो सीटों से चुनौती स्वीकार की, और अब जनता के फैसले का समय है। 9 अप्रैल को हुए मतदान के बाद आज नतीजे सामने आ रहे हैं।

क्या रंगास्वामी अपनी नई और पारंपरिक दोनों सीटों पर विजय हासिल करेंगे या उनका यह दोहरा दांव केवल एक साहसिक प्रयास साबित होगा? राजनीतिक विशेषज्ञ और जनता दोनों ही इस चुनावी नतीजे का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।

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