ममता बनर्जी का बयान पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने हाल ही में परिसीमन को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि परिसीमन के बहाने राज्य को विभाजित करने की एक गहरी साजिश रची जा रही है। टीवी9 बांग्ला को दिए इंटरव्यू में ममता ने इस साजिश को ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ से जोड़ा और कहा कि इसका अगला चरण NRC (राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण) हो सकता है। उन्होंने भरोसा जताया कि उनकी सरकार सत्ता में बनी रहने पर ऐसी किसी भी योजना को लागू नहीं होने दिया जाएगा।
ममता बनर्जी का बयान
ममता बनर्जी का बयान उन्होंने सीधे तौर पर बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी सीधे मुकाबले से डर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी चुनाव आयोग के जरिए विपक्षी वोटरों के नाम वोटर लिस्ट से हटवा रही है। उन्होंने इस प्रक्रिया को ‘स्पेशल इंटेंसिव डिलीशन’ (SIR) बताया और इसे सत्ता की दुर्व्यवस्था के रूप में देखा। इसके साथ ही ममता ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए। उनका कहना था कि विपक्ष के खिलाफ यह रणनीति डराने और दबाव बनाने के लिए अपनाई जा रही है।
केंद्र सरकार पर आरोप
बंगाल राजनीतिक टिप्पणी और टीएमसी बीजेपी भिड़ंत के बीच ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि I-PAC अधिकारी की गिरफ्तारी और उम्मीदवारों को ईडी नोटिस भेजना डराने की कोशिश है। उनका दावा था कि चुनाव जीतने के लिए केंद्र सरकार करोड़ों रुपये खर्च कर रही है और ED, CBI, और इनकम टैक्स जैसी संस्थाओं का गलत इस्तेमाल कर रही है। ममता ने इसे लोकतंत्र के लिए खतरनाक बताया और कहा कि यह सीधे तौर पर चुनावी निष्पक्षता को प्रभावित कर रहा है।
जनता का समर्थन और विश्वास
अपने समर्थकों के बीच ममता ने यह भी स्पष्ट किया कि वह इस लड़ाई में अकेली नहीं हैं। उनका दावा था कि उन्हें जनता का पूरा समर्थन प्राप्त है और 2026 के चुनावों में उनकी पार्टी सत्ता में बनी रहेगी। ममता ने कहा कि राज्य और लोगों के हित के लिए उनकी लड़ाई जारी रहेगी, चाहे कितने भी मोर्चे पर उन्हें चुनौती क्यों न मिले।
बीजेपी के प्रयासों पर प्रतिक्रिया
ममता बनर्जी ने कहा कि बीजेपी पूरे देश में राज्यों को बांटने की कोशिश कर रही है और उत्तर प्रदेश को बांटने के प्रयास इसी रणनीति का हिस्सा हैं। उन्होंने इसे सत्ता की हड़पने और विपक्ष को कमजोर करने की योजना बताया। उनके अनुसार, परिसीमन और SIR जैसी प्रक्रियाएं सीधे तौर पर विपक्ष को चुनाव में कमजोर करने के लिए अपनाई जा रही हैं।
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