समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भा.ज.पा.) पर तीखा हमला करते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी के लोग जहां भी जमीन पाते हैं, वहीं वह उस पर कब्जा कर लेते हैं, और इस प्रकार बीजेपी देश की सबसे बड़ी भूमि माफिया पार्टी बन चुकी है। अखिलेश यादव का यह भी कहना था कि प्रभु श्रीराम की पवित्र धरती पर जितनी रजिस्ट्री हुई हैं, वे सभी भाजपा नेताओं की हैं, जो कि बीजेपी के असल चेहरों को उजागर करता है। विशेष रूप से, नोएडा में जितनी भी रजिस्ट्री हुई हैं, उनमें ज्यादातर बीजेपी से जुड़े हुए लोग शामिल हैं। यह आरोप उन्होंने भाजपा के भूमि माफिया होने के रूप में लगाया है, जो विकास के नाम पर अपनी स्वार्थ साधने की कोशिश कर रही है।
इसके साथ ही, अखिलेश यादव ने यह भी आरोप लगाया कि बीजेपी वक्फ बोर्ड के विवाद को जानबूझकर सुलझने नहीं देना चाहती। उनका मानना है कि इस विवाद को बढ़ावा देने का उद्देश्य समाज में और नफरत पैदा करना है। उन्होंने कहा कि बीजेपी का असल उद्देश्य समाज को तोड़ना और आपसी नफरत को बढ़ावा देना है, जिससे वे राजनीतिक लाभ उठा सकें। अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी के लोग धार्मिक सद्भाव और एकता में विश्वास रखते हैं और वे किसी भी प्रकार की नफरत फैलाने के खिलाफ हैं।
अखिलेश यादव ने मिल्कीपुर उपचुनाव पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी और कहा कि समाजवादी पार्टी इस चुनाव को जीतने के लिए पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने दावा किया कि बहुत जल्द वे खुद वहां प्रचार करने जाएंगे। उनका कहना था कि बीजेपी ने पुलिस को अपने इशारे पर काम करने के लिए भेज दिया है और लखनऊ में बैठे अधिकारी चुनाव में बेईमानी कर रहे हैं। वह यह मानते हैं कि अगर निष्पक्ष चुनाव हो, तो समाजवादी पार्टी को निश्चित रूप से जीत मिलेगी, क्योंकि वहां की जनता जानती है कि बीजेपी केवल अपनी स्वार्थी राजनीति को बढ़ावा दे रही है, जबकि समाजवादी पार्टी विकास और समाज की भलाई के लिए काम कर रही है।
अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश में बीजेपी की नीतियों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी कभी भी बेरोजगारी, गरीबी या देश के विकास के बारे में गंभीरता से बात नहीं करती। उनका कहना था कि बीजेपी केवल समाज में नफरत फैलाने और लोगों के बीच विभाजन करने में ही रुचि रखती है, जबकि समाजवादी पार्टी देश की सभी जातियों, धर्मों और समुदायों के बीच एकता और भाईचारे को बढ़ावा देने में विश्वास करती है। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी ने जो वादे किए थे, उन पर कोई काम नहीं किया और वे जनता को धोखा देने के अलावा कुछ नहीं कर रहे।
इसके अलावा, अखिलेश यादव ने इंडिया गठबंधन के बारे में भी टिप्पणी की और कहा कि यह गठबंधन तब तक सही रहेगा जब तक यह भारतीय जनता पार्टी को हराने की क्षमता रखता है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी और अन्य गठबंधन सदस्य बीजेपी की नीतियों के खिलाफ एकजुट होकर काम कर रहे हैं, ताकि भारतीय जनता पार्टी की राजनीति को हराया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी ने नेताजी के प्रति जो अपमान दिखाया है, वह उनके अंदर की मानसिकता और विचारधारा को प्रदर्शित करता है। उनका कहना था कि जो व्यक्ति जिस संगत में रहता है, उसकी विचारधारा उसी से प्रभावित होती है, और बीजेपी के नेताओं की संगत से ही यह सारे मुद्दे उत्पन्न हो रहे हैं।
अखिलेश यादव ने समाजवादी पार्टी के दृष्टिकोण को स्पष्ट करते हुए कहा कि उनकी पार्टी कभी भी किसी प्रकार की नफरत या भेदभाव को बढ़ावा नहीं देगी। वे हमेशा समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलने के पक्षधर हैं और चाहते हैं कि देश में भाईचारे और समरसता की भावना बनी रहे। उन्होंने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी जनता के मुद्दों को प्राथमिकता देती है और पार्टी के कार्यकर्ता पूरे उत्तर प्रदेश में लोगों की समस्याओं का समाधान करने के लिए दिन-रात मेहनत कर रहे हैं।
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