गुरुवार को दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी की महिला कार्यकर्ताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के घर के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारी महिलाओं पर कार्रवाई करते हुए कई भाजपा महिला कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। यह घटना दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा और आम आदमी पार्टी के बीच बढ़ते राजनीतिक तनाव का हिस्सा है। दोनों पार्टियां एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगा रही हैं। अरविंद केजरीवाल ने पिछले कुछ दिनों में भाजपा पर कई आरोप लगाए, और उनकी पार्टी के खिलाफ सरकार द्वारा उत्पीड़न की भी बात की।
इसी विरोध में भाजपा की महिला कार्यकर्ताओं ने केजरीवाल के घर के बाहर घेराव करने का निर्णय लिया। इस प्रदर्शन का उद्देश्य केजरीवाल के कथित भ्रष्टाचार और सत्ता के दुरुपयोग के खिलाफ विरोध जताना था। प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए कई महिलाओं को हिरासत में लिया और उन्हें पुलिस स्टेशन ले जाया। भाजपा महिला कार्यकर्ताओं का आरोप था कि आम आदमी पार्टी अपने राजनीतिक फायदे के लिए गलत तरीके अपना रही है, और पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ सख्ती बरती।
इसी बीच, दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा के वरिष्ठ नेता परवेश वर्मा पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा कि वर्मा महिलाओं को एक हजार रुपए बांट रहे थे और इसके पीछे भाजपा की राजनीतिक साजिश है। आतिशी ने यह भी दावा किया कि परवेश वर्मा के घर पर भारी मात्रा में नकद राशि पाई गई है और इसकी जांच के लिए उन्होंने ईडी, सीबीआई और दिल्ली पुलिस से आग्रह किया। उनका कहना था कि वर्मा के घर पर करोड़ों रुपए कैश रखे हुए हैं, और इस पर तुरंत कार्रवाई की जानी चाहिए।