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प्रशांत किशोर अल्टीमेटम: सुनेत्रा पवार से तटकरे पर सवाल।
07 Aug 2026
प्रशांत किशोर की नाराजगी
प्रशांत किशोर अल्टीमेटम: जन सुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के महाराष्ट्र अध्यक्ष सुनील तटकरे के कार्यशैली पर अपनी नाराजगी प्रकट की है। उन्होंने सुनेत्रा पवार को स्पष्ट रूप से कहा कि यदि उन्हें भविष्य में एक चुनावी रणनीतिकार के रूप में काम करना है, तो तटकरे के विषय में कोई निर्णायक कदम उठाना आवश्यक होगा।
यह बयान तब आया है जब पार्टी के भीतर असहमति की खबरें तेज हो रही हैं, खासकर अजित पवार के निधन के बाद।
प्रशांत किशोर अल्टीमेटम: महत्वपूर्ण बैठक
गुरुवार को मुंबई में सुनेत्रा पवार, पार्थ पवार और जय पवार के साथ प्रशांत किशोर की महत्वपूर्ण बैठक हुई, जो लगभग 6 घंटे तक चली। इस बैठक में पार्थ पवार ने खुद प्रशांत किशोर को चार्टर्ड प्लेन से मुंबई लाने का प्रबंध किया।
इस मीटिंग में प्रशांत किशोर की टीम के दो सदस्य भी शामिल थे, जबकि जय पवार ऑनलाइन माध्यम से जुड़े रहे। यह बैठक उस समय हुई जब NCP अपनी छवि को पुनः स्थापित करने और आगामी चुनावों की तैयारी के लिए प्रशांत किशोर की सेवाएं ले रही है।
प्रशांत किशोर का स्पष्ट संदेश
प्रशांत किशोर अल्टीमेटम: एबीपी मांझा की रिपोर्ट के अनुसार, बैठक के दौरान प्रशांत किशोर ने सुनील तटकरे की कार्यप्रणाली पर सीधा सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि जब तक राज्य नेतृत्व उनके साथ सहयोग नहीं करेगा, तब तक उनके लिए महाराष्ट्र में काम करना कठिन होगा।
किशोर ने यह भी नाराजगी जताई कि पहले तीन बैठकों में किए गए सुझावों पर कोई कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने कहा कि बिना आवश्यक बदलावों के कार्य करना संभव नहीं है।
सुनेत्रा पवार के निर्णय की प्रतीक्षा
प्रशांत किशोर के इस अल्टीमेटम के बाद, राजनीतिक हलकों में सुनेत्रा पवार के निर्णय की प्रतीक्षा की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार के बीच चर्चा के मुख्य बिंदु आगामी स्थानीय निकाय चुनाव, पार्टी की चुनावी रणनीति, राज्यव्यापी जनमत सर्वेक्षण और संगठन को मजबूत करने के उपाय रहे। हाल ही में आयोजित स्थापना दिवस कार्यक्रम भी प्रशांत किशोर के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया था।
बिहार के चुनाव में प्रशांत किशोर का प्रभाव
प्रशांत किशोर अल्टीमेटम: बिहार के बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में प्रशांत किशोर ने बीजेपी उम्मीदवार को हराकर सभी को चौंका दिया था। इसी राजनीतिक सफलता के बाद वह सुनेत्रा पवार से मिलने के लिए मुंबई पहुंचे, जिससे महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
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