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इंजीनियर राशिद ने पैलेट गन मुद्दे पर केंद्र-कांग्रेस को घेरा

 31 Jul 2026

पैलेट गन मुद्दा: इंजीनियर राशिद का लोकसभा में हमला

पैलेट गन मुद्दा: जम्मू और कश्मीर के बारामूला से निर्दलीय सांसद इंजीनियर राशिद ने बुधवार को लोकसभा में केंद्र सरकार और कांग्रेस दोनों को निशाने पर लिया। उन्होंने कश्मीर में विरोध प्रदर्शनों और जनआंदोलनों से निपटने के लिए दोनों सरकारों द्वारा अपनाए गए दोहरे मापदंडों पर सवाल उठाया। इस दौरान उन्होंने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की भी आलोचना की, उन्हें 2010 में कांग्रेस के सत्ता में रहने के दौरान प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पैलेट गन के इस्तेमाल की याद दिलाते हुए।


राशिद ने अपने बयान में कहा कि यह एक सकारात्मक कदम है कि सरकार ने प्रदर्शनकारी छात्रों के साथ संवाद का रास्ता अपनाया और सोनम वांगचुक को अनशन समाप्त करने के लिए मनाया। हालांकि, उन्होंने यह भी पूछा कि कश्मीर के संदर्भ में ऐसा सहानुभूतिपूर्ण दृष्टिकोण क्यों नहीं अपनाया जाता?


आरिफ हुसैन की हत्या का मुद्दा

पैलेट गन मुद्दा: इंजीनियर राशिद ने भदरवाह में ऑटो चालक आरिफ हुसैन की हत्या का भी उल्लेख किया और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह पर आरोप लगाया कि उन्हें पीड़ित परिवार से मिलने जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि जितेंद्र सिंह को सोनम वांगचुक को अनशन तुड़वाने के लिए जूस पिलाने के बजाय अपने संसदीय क्षेत्र में सक्रिय रहना चाहिए था।


राशिद ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और भाजपा दोनों ही सरकारों ने कश्मीर में 2010 और 2016 में हुए प्रदर्शनों का जवाब बल प्रयोग के माध्यम से दिया। उन्होंने पैलेट गन के उपयोग का उल्लेख करते हुए कहा कि इसके कारण सैकड़ों युवा कश्मीरी अपनी आंखों की रोशनी खो चुके हैं या गंभीर रूप से घायल हुए हैं।


पैलेट गन पर इंजीनियर राशिद की टिप्पणी

इंजीनियर राशिद ने कहा, 'आज पैलेट गन की बात की जा रही है। मैं इंडिया गठबंधन से कहना चाहूंगा कि 2010 में आपने ही कश्मीर में पैलेट गन का प्रयोग शुरू किया था। उस समय 150 लोगों की जान गई। तब आप नेशनल कांफ्रेंस के साथ मिलकर जम्मू-कश्मीर में सरकार चला रहे थे।'


पैलेट गन मुद्दा: उन्होंने यह भी पूछा कि देश के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शनों के लिए अलग-अलग मापदंड क्यों लागू होते हैं, जबकि कश्मीर में यह व्यवहार स्पष्ट रूप से भिन्न है।


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