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Bihar Toll Exemption: निजी वाहनों पर नहीं लगेगा टैक्स, CM का बड़ा ऐलान

 08 Jul 2026

Bihar Toll Exemption: बिहार में टोल टैक्स व्यवस्था को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने साफ कर दिया है कि राज्य में निजी उपयोग के वाहनों पर किसी तरह का टोल टैक्स नहीं लगाया जाएगा। केवल व्यावसायिक यानी कमर्शियल वाहनों से ही टोल शुल्क की वसूली की जाएगी। मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने इस संबंध में लोगों के बीच फैली तमाम अटकलों और भ्रम को दूर करते हुए सरकार का रुख स्पष्ट किया।


Bihar Toll Exemption: निजी वाहनों को मिली बड़ी राहत 

Samrat Choudhary Announcementअररिया जिले के फारबिसगंज में आयोजित एक सहयोग शिविर को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने कहा कि टोल टैक्स को लेकर कई तरह की भ्रामक बातें फैलाई जा रही हैं, जबकि सरकार की नीति पूरी तरह स्पष्ट है। उन्होंने कहा कि निजी कार, बाइक और व्यक्तिगत उपयोग के अन्य वाहनों पर कोई टोल टैक्स नहीं लगाया जाएगा। सरकार का उद्देश्य आम नागरिकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालना नहीं है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि कोई परिवार अपने निजी वाहन से घूमने या किसी निजी कार्य के लिए यात्रा करता है तो उसे टोल टैक्स देने की जरूरत नहीं होगी। सरकार ने आम लोगों की सुविधा और हित को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया है।

केवल कमर्शियल वाहनों से होगी वसूली 

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि टोल टैक्स की वसूली सिर्फ उन वाहनों से की जाएगी, जिनका उपयोग व्यवसायिक गतिविधियों के लिए किया जाता है। इसमें ट्रक, बस, टैक्सी और अन्य कमर्शियल वाहन शामिल होंगे। उनका कहना था कि व्यावसायिक वाहन सड़क और परिवहन व्यवस्था का व्यावसायिक लाभ उठाते हैं, इसलिए उनसे टोल शुल्क लिया जाना उचित है। 

उन्होंने यह भी दोहराया कि सरकार की मंशा केवल कमर्शियल परिवहन से जुड़े वाहनों पर टोल लागू करने की है, जबकि निजी उपयोग के वाहनों को इससे पूरी तरह बाहर रखा जाएगा। इसी के तहत Bihar Toll Exemption व्यवस्था में निजी वाहनों को टोल शुल्क से राहत देने का प्रावधान रखा गया है।

स्टेट हाईवे पर भी लागू होगी टोल व्यवस्था

Bihar Government Decisionबिहार सरकार ने एक और अहम फैसला लेते हुए राज्य के स्टेट हाईवे पर भी टोल टैक्स वसूली की व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है। अब तक राज्य में मुख्य रूप से नेशनल हाईवे पर ही टोल वसूला जाता था, लेकिन नई व्यवस्था के तहत राज्य राजमार्गों पर भी टोल प्लाजा स्थापित किए जाएंगे। सरकार के अनुसार, किन-किन स्टेट हाईवे पर टोल लगाया जाएगा, इसका अंतिम निर्णय जल्द लिया जाएगा। इसके बाद संबंधित मार्गों पर टोल वसूली की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

कैबिनेट से मिल चुकी है मंजूरी

टोल टैक्स व्यवस्था में बदलाव के इस प्रस्ताव को राज्य मंत्रिमंडल पहले ही अपनी मंजूरी दे चुका है। मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में इस नए नियम को स्वीकृति दी गई थी। इसके बाद सरकार की ओर से इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। 

सरकार का कहना है कि नई व्यवस्था पूरी तरह नियमानुसार लागू की जाएगी और इसमें भारत सरकार के दिशा-निर्देशों का पालन किया जाएगा। नई Bihar Toll Exemption व्यवस्था के तहत पात्र वाहनों को निर्धारित नियमों के अनुसार टोल टैक्स में छूट का लाभ मिलेगा।

अलग-अलग वाहनों के लिए तय की गई टोल दरें 

नई टोल नीति के तहत विभिन्न श्रेणी के वाहनों के लिए अलग-अलग दरें निर्धारित की गई हैं। हालांकि मुख्यमंत्री ने निजी वाहनों को छूट देने की घोषणा की है, फिर भी अधिसूचना में विभिन्न श्रेणियों के वाहनों के लिए दरें तय की गई हैं।

निर्धारित दरों के अनुसार— 
कार, जीप और वैन के लिए टोल शुल्क 1.25 रुपये प्रति किलोमीटर तय किया गया है। 
हल्के कमर्शियल वाहनों से 2 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से टोल लिया जाएगा। 
बस और ट्रक के लिए 4.25 रुपये प्रति किलोमीटर की दर निर्धारित की गई है। 
भारी ट्रकों पर 6.65 रुपये से 8.10 रुपये प्रति किलोमीटर तक टोल शुल्क लागू होगा।

हालांकि मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि निजी उपयोग की कार, बाइक और अन्य व्यक्तिगत वाहनों से यह शुल्क नहीं लिया जाएगा। यह व्यवस्था केवल व्यावसायिक श्रेणी के वाहनों पर प्रभावी होगी।

भ्रम दूर करने की कोशिश

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि सरकार के फैसले को लेकर लोगों के बीच अनावश्यक भ्रम फैलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की नीति पूरी तरह पारदर्शी है और आम जनता के हितों की रक्षा करना उसकी प्राथमिकता है। उन्होंने यह भी कहा कि टोल टैक्स व्यवस्था का उद्देश्य सड़क अवसंरचना के विकास और रखरखाव के लिए आवश्यक संसाधन जुटाना है, लेकिन इसके साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि आम नागरिकों पर किसी तरह का अतिरिक्त आर्थिक दबाव न पड़े।

आम जनता को राहत, सरकार का स्पष्ट संदेश

राज्य सरकार के इस फैसले से निजी वाहन मालिकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। अब व्यक्तिगत उपयोग के लिए चलने वाली कार, बाइक और अन्य निजी वाहनों को टोल टैक्स नहीं देना होगा। दूसरी ओर, व्यावसायिक परिवहन से जुड़े वाहन पहले की तरह निर्धारित दरों के अनुसार टोल शुल्क का भुगतान करेंगे।

सरकार का कहना है कि नई टोल व्यवस्था सड़क विकास और रखरखाव के लिए जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के साथ-साथ आम लोगों के हितों का भी पूरा ध्यान रखेगी। इसी उद्देश्य से निजी और कमर्शियल वाहनों के बीच स्पष्ट अंतर करते हुए यह नई व्यवस्था लागू की जा रही है।

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